दिल्ली के एक व्यक्ति ने राजधानी के उद्योगपति को डेयरी प्रोजेक्ट के लिए सिंगापुर के बैंक से 25 करोड़ का कर्ज दिलाने का झांसा देकर 30 लाख रुपए ठग लिए। रिपोर्ट होने के बाद जांच में लगी पुलिस ने दिल्ली में छापा मारकर आरोपी गिरीराज सिंह को पकड़ लिया, लेकिन उसने कोरोना संक्रमण का खतरा बताकर दिल्ली कोर्ट से ट्रांजिट बेल ले ली है। उसे 7 दिन के भीतर रायपुर कोर्ट में पेश होना पड़ेगा। इस मामले का दूसरा आरोपी मुकेश सिंह फरार है। उसकी तलाश में छापे मारे जा रहे हैं।
दिल्ली में पकड़ा गया ठगी का आरोपी गिरिराज शान से रहता है। वह खुद को दिल्ली के रामड़ा होटल का शेयरहोल्डर और एक कंपनी का मालिक बता रहा है। साउथ दिल्ली में उसकी अलीशा कोठी है और कुछ लग्जरी कारें भी हैं। पुलिस ने बताया कि ठगी के राजधानी के आयुष अग्रवाल की सो नाल्को एक्सटेंशन नाम से कंपनी है और वह राज्य में बड़ा डेयरी प्रोजेक्ट शुरू करना चाहते थे। इसी सिलसिले में अपने पिता के साथ 2018 में अहमदाबाद गए, जहां उनकी मुलाकात मुकेश पांडेय से हुई। मुकेश ने बताया कि दिल्ली में उसके परिचित हैं, जिनकी सिंगापुर-दुबई के बैंक में पहुंच है। वह असानी से 25 करोड का कर्ज दिला देंगे। मुकेश ने उन्हें अपने परिचित गिरिराज सिंह से मिलवाया और बताया कि वह होटल का बड़ा कारोबारी है। इसके बाद दोनों ने नंबर एक्सचेंज कर लिए।
3 करोड़ का चेक भी दे दिया : कुछ दिनों बाद अनायुषा को मुकेश का कॉल आया और उसने दिल्ली बुलाया। वह अनायुषा को एक आलीशान कोठी में ले गया, जहां गिरिराज सिंह रहेला (61) मिला। गिरिराज ने बताया कि विदेशी बैंक के अधिकारियों से उसके अच्छे संबंध है। उसने अनायुषा से कुछ दस्तावेज भी लिए। कुछ दिनों बाद उसे फिर दिल्ली बुलाया गया और बताया कि कर्ज पास हो गया है, जल्दी मिल जाएगा। पहली इंस्टालमेंट के तौर पर अनायुषा को 3 करोड़ का चेक भी दिया, जिससे उसे भरोसा हो गया। आरोपियों ने कहा कि इतनी बड़ी रकम ले रहे हैं, इसका इंश्योरेंस करना होगा। इंश्योरेंस के नाम पर अनायुषा से दो किश्त में 30 लाख रुपए लिए गए। यह रकम मुकेश के खाते में जमा करवाई गई। लेकिन इसके बाद आरोपियों ने कर्ज को लेकर अनायुषा से कोई बात नहीं की और गुमराह करते रहे। उसके 30 लाख रुपए भी नहीं लौटाए गए। लगभग छह माह इंतजार करने के बाद अनायुषा ने रिपोर्ट लिखवाई।
पुलिस पहुंचते ही अघाए वकील
रायपुर पुलिस की टीम गिरिराज को गिरफ्तार करने उसकी कोठी में घुसी और जैसे ही गिरफ्तारी की सूचना दी गई, कुछ देर में वकीलों की टीम आ गई। इसलिए पुलिस ने गिरिराज को स्थानीय कोर्ट में पेश किया। वहां से आरोपी ने उम्र और कोरोना का खतरा बताते हुए जमानत ले ली। आरोपी ने पुलिस को पूछताछ में मदद नहीं की, उसने अपने साथियों की जानकारी नहीं दी। पुलिस के अनुसार आरोपी बहुत ही शातिर है। वह मुंह नहीं खोल रहा है। वह अपने साथी मुकेश के बारे में भी नहीं बता रहा है। उसने इतना जरूर बताया कि उसे मुकेश ने 15 लाख दिए थे, जिसे उसने सिंगापुर की बैंक में जमा कर दिया। पुलिस ने उसके दो खातों की जांच की, जिसमें एक भी पैसा नहीं मिला है।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
source https://www.bhaskar.com/local/chhattisgarh/news/fraud-of-25-crore-loan-from-singapore-bank-delhi-fraudster-cheated-30-lakh-from-industrialist-127703286.html
एक टिप्पणी भेजें